By: Ravindra Singh
मध्य प्रदेश में मानसून की विदाई के बाद भी बारिश का दौर थमने का नाम नहीं ले रहा है। अक्टूबर के दूसरे पखवाड़े में मौसम के लगातार बदलते रुख से प्रदेश के लोगों को दोहरे मौसम का सामना करना पड़ रहा है। दिन के समय तेज धूप और गर्मी महसूस हो रही है, जबकि रात और सुबह के वक्त तापमान में गिरावट से हल्की ठंडक बढ़ने लगी है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, आने वाले दो दिनों तक कई इलाकों में बारिश और तेज हवाओं का प्रभाव बना रह सकता है।
21 जिलों में बारिश और तेज हवाओं की संभावना
मौसम विभाग के अनुमान के मुताबिक, बुधवार को पश्चिमी और दक्षिण-पश्चिमी मध्य प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश होने के आसार हैं। संभावित प्रभावित जिलों में इंदौर, उज्जैन, गुना, राजगढ़, आगर-मालवा, मंदसौर, रतलाम, झाबुआ, आलीराजपुर, बड़वानी, खरगोन, धार, बुरहानपुर, खंडवा, हरदा, देवास, शाजापुर, नर्मदापुरम, बैतूल, छिंदवाड़ा और पांढुर्णा शामिल हैं।
इन क्षेत्रों में गरज-चमक के साथ बारिश होने और हवा की रफ्तार 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने की आशंका जताई गई है। मौसम की स्थिति को देखते हुए लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। तेज हवाओं के दौरान खुले स्थानों और कमजोर संरचनाओं के आसपास सतर्क रहना जरूरी है।
दिन का तापमान ऊंचा, रात में बढ़ रही ठंडक
प्रदेश में तापमान का अंतर मौसम के बदलते मिजाज को साफ तौर पर दिखा रहा है। कई शहरों में दिन का अधिकतम तापमान 35 डिग्री सेल्सियस के पार बना हुआ है, जबकि रात के तापमान में गिरावट दर्ज की जा रही है। इसके चलते दोपहर में गर्मी और सुबह-रात में सुहावने मौसम का अनुभव हो रहा है।
मौसम संबंधी आंकड़ों के अनुसार, पचमढ़ी में न्यूनतम तापमान 17 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। कटनी के करौंदी में यह 17.8 डिग्री, मलाजखंड में 18.1 डिग्री, छिंदवाड़ा में 18.2 डिग्री और ग्वालियर में 18.3 डिग्री सेल्सियस रहा।
वहीं, रतलाम, खरगोन, खंडवा, मंदसौर, उज्जैन और नर्मदापुरम सहित कई स्थानों पर अधिकतम तापमान 35 डिग्री सेल्सियस से ऊपर दर्ज किया गया। तापमान में इस अंतर के कारण प्रदेश में गर्मी और हल्की ठंड का मिला-जुला असर देखने को मिल रहा है।
दशहरे के आयोजनों पर भी पड़ा बारिश का असर
प्रदेश में मौसम की अनिश्चितता का असर दशहरे के कार्यक्रमों पर भी दिखाई दिया। मंगलवार को रतलाम, महू और आसपास के कुछ इलाकों में हुई बारिश से रावण दहन की तैयारियों में बाधा आने की आशंका पैदा हो गई। पुतलों को बारिश से बचाने के लिए आयोजकों को उन्हें तिरपाल और बरसाती से ढकना पड़ा।
राजधानी भोपाल के कुछ हिस्सों में भी रात के दौरान हल्की बूंदाबांदी हुई। बारिश के कारण त्योहार से जुड़े आयोजनों में अतिरिक्त सावधानी बरतनी पड़ी। इससे पहले वर्ष 2022 में भी भोपाल में दशहरे के दौरान बारिश से रावण दहन की तैयारियां प्रभावित हुई थीं।
अगले दो दिनों तक कैसा रहेगा मौसम?
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक, मध्य प्रदेश के कई हिस्सों में अगले दो दिनों तक बादल छाने, बारिश होने और तेज हवाएं चलने की संभावना बनी हुई है। ऐसे में मौसम में अचानक बदलाव देखने को मिल सकता है।
लोगों को सलाह दी जाती है कि बाहर निकलने से पहले स्थानीय मौसम अपडेट पर नजर रखें। गरज-चमक के दौरान खुले मैदानों और पेड़ों के नीचे खड़े होने से बचें तथा तेज हवाओं के समय जरूरी सावधानियां बरतें।

